पैसा प्यार से भी बड़ा

 जीने के लिये प्यार नहीं पैसा चाइये था उसे।  

निकल पड़े हम उसकी चाहत के लिए 

वो बेसब्री, जिस्म का सोदा करने निकल गए 

खरीददार भी हम निकले वो शर्म के मारे मर गए। 

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